तम्बाकू से छुटकारा दिलाने वाली मोबाइल सेवा शुरू


नई दिल्ली । देश में हर साल करीब १० लाख लोगों की तंबावूâ सेवन से हो रही मौत के मद्दोनजर एक मोबाइल सेवा शुरू की गई है। इससे लोगों को न सिर्पâ तंबावूâ से हो रहे खतरे से सावधान किया जाएगा, बाqल्क उन्हें इससे मुक्ति का उपाय भी बताया जाएगा। यह मोबाइल सेवा स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच बढ़ाने के लक्ष्य के तहत सरकार की ओर से शुक्रवार को लांच की गई चार मोबाइल स्वास्थ्य सेवाओं में से एक है। सरकार के डिजीटल भारत कार्यक्रम के तहत चारों मोबाइल सेवाएं लांच की गई हैं। ज्ञात हो कि भारत में दुनिया में सबसे ज्यादा तंबावूâ सेवन करने वाले लोग हैं। ग्लोबल आडिट टोबैको सर्वे के अनुसार भारत में ३५ प्रतिशत वयस्क (१५ वर्ष और उससे ऊपर) तंबावूâ का सेवन करते हैं। हाल यह है कि २५.९ फीसदी मर्द और १८.४ फीसदी औरतें बीड़ी और सिगरेट की आदी हैं। लांच की गई चारों सेवाओं के नाम किलकारी, मोबाइल अकादमी, तंबावूâ उन्मूलन और टीबी मिस्ड कॉल पहल हैं। इन सेवाओं का लक्ष्य गैर संक्रामक बीमारियों (एनसीडी) की रोकथाम और प्रबंधन है। देश में हो रही कुल मौतों में करीब ६० फीसदी मौतें ऐसी बीमारियों के कारण ही हो रही हैं। लांच करने के बाद वेंâद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि चारों मोबाइल स्वास्थ्य सेवाएं स्वास्थ्य संचार में ’’अद्भुत बदलाव’’ लाने वाली साबित होंगी। उन्होंने कहा कि ये सेवाएं संपर्वâ बढ़ाएंगी, सेवाओं को किफायती बनाएंगी और प्रणाली को और ज्यादा ठोस बनाएंगी। उन्होंने कहा, ’’हम अपने प्रधानमंत्री के डिजीटल होने के नजरिए के करीब पहुंचने की अपनी राह पर हैं। मंत्रालय के बयान के मुताबिक, मोबाइल तंबावूâ उन्मूलन कार्यक्रम डब्ल्यूएचओ-आइटीयू के संयुक्त पहल ’’स्वस्थ बनें मोबाइल बनें’’ (बीएचबीएम) पर आधारित है। इस सेवा का लक्ष्य उन लोगों से संपर्वâ साधना है जो तंबावूâ से पीछा छुड़ाना चाहते हैं। तंबावूâ से सफलता पूर्वक मुक्ति के लिए सेवन करने वालों को मोबाइल फोन पर टेक्स्ट संदेश भेजा जाएगा।