कर्जदार की पत्नि से पंचायत ने की यौनसुख मांग


०एमएएनएस हस्तक्षेप पर शर्मनाक पैâसले वाली पंचायत भंग
मुंबई। परभनी जिला निवासी एक व्यक्ति द्वारा कर्ज के रूप में लिए गये छह लाख नहीं लौटा पाने के विरुद्ध एक जातीय पंचायत के आठ पंचों ने मिलकर दण्ड स्वरूप कथित तौर पर उसकी पत्नी से यौन सुख की मांग की है। इस मामले में महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति (एमएएनएस) के हस्तक्षेप के कारण दंपति पर लगाए गये सामाजिक बहिष्कार को हटाया गया है। इसके साथ ही शर्मनाक पैâसला देने वाली पंचायत को भी भंग कर दिया गया है। इस दंपति की पहचान दीपक भोरे और उसकी पत्नी के रूप में की गई है जो `गोंधली’ समुदाय के हैं। महाराष्ट्र की इस घटना को लेकर प्रशासन की िंचताएं भी बढ़ गई हैं। इसके साथ ही इन इलाकों में गैर सरकारी संगठन भी सक्रिय हो गए हैं। क्योंकि पंचायतों में इस तरह के गैरकानूनी और अनैतिक अन्य पैâसले की भी आशंका जताई जा रही है ।