आंवला खाने से दूर होगी हकलाने की समस्या


नई दिल्ली। कई बच्चों को हकलाने या तुतलाने की समस्या होती है। दरअसल, यह समस्या मोटी जीभ, हकलाने वाली की नकल करने और नाड़ियों में किसी प्रकार के दोष होने से हो सकती है। जब हम बोलते वक्त सही से अक्षरों को नहीं बोल पाते हैं, रुक-रुककर बोलते हैं तो यह तुतलाने या हकलाने का रोग कहलाता है। कई लोगों की यह समस्या खुद-ब-खुद सही हो जाती है जबकि जिनकी पुरानी होती जाती है उनके लिए परेशानी का सबक बनती जाती है। डॉक्टरों के मुताबिक, अगर कोई बच्चा बोलते वक्त हकलाता है, तो उसके लिए आंवला बहुत ही फायदेमंद हो सकता है। ऐसे बच्चों को कुछ दिनों तक आंवला चबाने के लिए देना चाहिए। दरअसल आंवला चबाने से जीभ पतली होने में मदद मिलती है और आवाज साफ निकलने लगती है। हकलाने की समस्या से निजात पाने के लिए अपने बच्चे को रोजाना कुछ दिनों तक आवंला चबाने के लिए दें। आंवले से आवाज साफ होती है और हकलाने की समस्या धीरे-धीरे कम होती जाती है। हकलाने और तुतलाने पर कच्चे, पके हरे आंवले को कई बार चूस सकते हैं।