12 राज्यों की फसलों पर कीटों का हमला


-गेहूं, टमाटर, कपास, प्याज और सोयाबीन की फसल प्रभावित
औरंगाबाद (ईएमएस)। जून से सितंबर 2017 के बीच अनियमित बारिश और मानसून के परिवर्तन से 12 राज्यों की फसलों पर कीटों और कई बीमारियों का हमला हुआ है। जिसके कारण सोयाबीन, कपास गन्ना, टमाटर, प्याज, गेहूं की फसलों पर इसका असर पड़ा है।
भारतीय कृषि अनुसंधान अनुसंधान परिषद के प्रिंसिपल पांडुरंग मोहिते के अनुसार इस साल जून से सितंबर के बीच मानसून अनियमित रहा है। जून के पहले आधे देश में अच्छी बारिश हुई। लेकिन दूसरे भाग में बारिश अच्छी नहीं हुई। जुलाई में भी मानसून अपेक्षाकृत अपने नियत समय के साथ नहीं था। अगस्त में जरूर बारिश हुई। किंतु उसके बाद फिर बारिश नहीं आई । मौसम के इस उलटफेर के कारण कीट तथा रोगों का हमला फसलों पर हो गया।
कपास की फसल पर वाइट फ्लाई तथा बाल वामर्स नामक कीट सोयाबीन के पत्तों पर सुंडी कीट का हमला हुआ। यह कीट अनियमित बेमौसम, बारिश में तेजी के साथ फैलता है। जिसके कारण किसानों को काफी नुकसान हुआ है।
खराब मानसून के कारण मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, गुजरात, हरियाणा और पंजाब की फसलों में होमनी इल्ली कीड़े का आक्रमण सोयाबीन की फसलों पर हुआ। सोयाबीन टमाटर और मिर्च की खेती भी लगभग कीटों के कारण 25 फ़ीसदी प्रभावित हुई है। मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में सोयाबीन की फसलों पर पत्तों से रस चूसने वाले कीटों के कारण फसलों को काफी नुकसान हुआ है।