स्टार्ट अप के लिए नियमों को उदार बनाएगा रिजर्व बैंक


नई दिल्ली। स्टार्ट अप इंडिया कार्यक्रम को बढ़ावा देने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक ने नियमों को उदार बनाने की घोषणा की है। आरबीआई का कहना है कि नियम सरल होने के बाद किसी भी व्यक्ति को अपना उद्यम शुरू करने के लिए दर-दर नहीं भटकना पड़ेगा। आरबीआई के गवर्नर रघुराम राजन ने कहा कि आरबीआई नियमों को सरल बनाना चाहती है। स्टार्ट अप आसानी से विदेशों से धन जुटा सवेंâ, इसके लिए प्रक्रिया को आसान बनाया जाएगा। आरबीआई कई फार्म को भी ऑनलाइन करेगा, जिससे उद्यमियों को अपना काम शुरू करने के लिए एक जगह से दूसरी जगह चर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
राजन ने उद्यम शुरू करने में आने वाली दितों का जिक्र करते हुए कहा कि विदेशी मुद्रा प्रबंधन कानून (पेâमा) के तहत कांट्रेक्ट की काफी जटिल प्रक्रिया है। उन्होंने कहा कि कई मामलों में उद्यमियों ने उन्हें आकर बताया है कि उन्हें कुछ नियमों में छूट चाहिए। उन्होंने बताया कि आरबीआई जल्द ही एक दस्तावेज जारी कर नीति बनाने की प्रक्रिया में इन बदलावों को शामिल करेगी। इसके साथ ही उन्होंने वंâपनी बेचने की प्रक्रिया के दौरान भी आने वाली दितों को दूर करने की बात कही। आरबीआई का कहना है कि किसी स्टार्ट अप के स्वामित्व हस्तांतरण के मामले में एस्क्रो एकाउंट की व्यवस्था को १८ माह के लिए बढ़ाया जा सकता है। इस बीच आरबीआई ने एक मेलबॉक्स तैयार किया है जो स्टार्ट अप को सहायता और मार्गदर्शन प्रदान करेगा।
उल्लेखनीय है कि सरकार ने १६ जनवरी को स्टार्ट अप कार्यक्रम लांच किया था। सरकार ने स्टार्ट अप के लिए करों में छूट सहित कई प्रोत्साहनों की घोषणा की थी। इस बीच सेबी ने भी स्टार्ट अप की लििंस्टग के लिए नियम बनाए हैं।