चेक बाउंंस के केस उसी शहर में फाइल करने की बाध्यता हटी


जालंधर। अब कारोबारियों को चेक बाउंस के केस की उसी शहर में जाकर फाइल करने की बाध्यता से निजात मिल गई है, जहां से इन्हें जारी किया गया था। बाम्बे हाईकोर्ट ने महाराष्ट्र निवासी रमनभाई पटेल के केस में रूलिंग दी है। इसके तहत एट पार वैâटेगिरी (मल्टीसिटी) के चेक अब जहां से जारी किए गए थे और जहां ड्रॉ होने वाले हैं, दोनों स्थानों पर फाइल किए जा सकते हैं।
प्रायः देखा जाता है कि कारोबारियों के पास दूसरे शहरों से चेक आते हैं, जो बाउंस हो जाते हैं। ऐसे में उन्हें वहां जाकर केस फाइल करना होता था, जिससे उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ता था। नेगोशिएबल इंस्टूमेंट एक्ट (१९८८) के सेक्शन १३८ से जुड़ी नई रूलिंग से राहत मिली है। वाल्व एंड कॉक्स इंडस्ट्री के राकेश गुप्ता ने चेन्नई में पिछले साल प्रोडक्ट सप्लाई किए थे। वहां के व्यापारी ने पेमेंट का जो चेक दिया था, वह बाउंस हो गया। उनके वकील ने बताया कि चेन्नई की जिस बैंक की शाखा में चेक कटा है, वहीं पर केस फाइल करना होगा। उन्हें अब राहत मिली है। हेल्पलाइन एनजीओ के प्रेसीडेंट और एक्ट के विशेषज्ञ बकील अशोक शर्मा ने बताया कि अब बाम्बे हाईकोर्ट के आदेश लागू हो गए हैं। इसके तहत जो चेक एट पार केटेगिरी के हैं, यानी कहीं भी वैâश करा सकते हैं।