मेहुल चौकसी के प्रर्त्यपण को लेकर एंटीगा में बढ़ी हलचल


मेहुल चौकसी के प्रत्यर्पण पर जल्द हो सकता है फैसला
एंटीगा सरकार ने भारत को दिया भरोसा

नई दिल्ली । मोदी सरकार की सक्रियता के कारण आने वाले दिनों में पीएनबी घोटाले के आरोपी मेहुल चौकसी की मुश्किलें बढ़ सकती है। मेहुल चौकसी के प्रत्यर्पण को लेकर मोदी सरकार के द्वारा कोशिशें तेज़ कर दी गई है। एंटीगा सरकार ने मेहुल चौकसी के प्रत्यर्पण को लेकर भारत सरकार के अनुरोध पर विचार करना शुरू कर दिया है। इन दिनों एंटीगा में रह रहे मेहुल चौकसी ने एक दिन पहले एक वीडियो जारी करते हुए कहा था कि प्रवर्तन निदेशालय के सभी आरोप गलत और बेबुनियाद हैं और उन्हें फंसाया जा रहा है। उनकी बेचैनी को इसी बात से समझा जा सकता है कि एंटीगा में उनके प्रत्यर्पण को लेकर हलचल बढ़ गई है।

सूत्रों ने कहा है कि डायरेक्टर ऑफ पब्लिक प्रॉसिक्यूशन की छुट्टियां खत्म हो गई है, अब उसने भारत सरकार के प्रत्यर्पण के अनुरोध पर विचार करना शुरू कर दिया है। अबतक भारत सरकार ने एंटीगा को मेहुल चौकसी के प्रत्यर्पण को लेकर दो याचिका सौंपी है। सबसे पहले 3 अगस्त को विदेश मंत्रालय ने सीबीआई की ओर से पहली प्रत्यर्पण याचिका दी। इस सीपीवी के एडिशनल सेक्रेटरी मनप्रीत वोहरा ने व्यक्तिगत रूप से दिया था। दूसरी याचिका एंटीगा में भारतीय उच्चायुक्त वी महालिंगम ने 25 अगस्त को प्रवर्तन निदेशालय की तरफ से सौंपा। प्रत्यर्पण के इन दोनों अनुरोधों पर एक साथ विचार किया जा रहा है।

पिछले दो हफ्ते में भारतीय उच्चायुक्त वी महालिंगम ने मेहुल चौकसी के मुद्दे पर दो बार एंटीगा के अटॉर्नी जनरल से मुलाकात की है। वो पहले 30 अगस्त को एंटीगा में मिले जब उच्चायुक्त जॉर्जटाउन में थे। दूसरी बैठक 4 सितंबर को गुयाना में हुई। इस बीच,सूत्रों का कहना है कि इस मामले पर भारतीय उच्चायुक्त डीपीपी के लगातार सम्पर्क में है और उन्हें भरोसा दिया गया है कि सर्वोच्च प्राथमिकता पर इस मामले को निपटाया जाएगा। इस बीच चौकसी ने कहा है कि भारतीय पासपोर्ट अथॉरिटी ने मेरे पासपोर्ट को सस्पेंड कर दिया है। उन्होंने कहा,16 फरवरी को मुझे एक ईमेल मिला, जिसमें कहा गया कि भारत को खतरे की वजह से मेरा पासपोर्ट सस्पेंड किया गया है। 20 फरवरी को मैंने रीजनल पासपोर्ट ऑफिस मुंबई को एक ईमेल भेजा और पासपोर्ट बहाल करने की अपील की। मुझे इसका जवाब नहीं दिया गया। मुझे यह नहीं बताया गया कि मैं भारत के लिए कैसे खतरा हूं।