सोशल मीडिया और वॉटसएप ने रोकी ग्रीटिंग कार्ड की सेल


नई दिल्ली। वर्तमान में भारत की ३०-३५ फीसदी आबादी सोशल मीडिया अर्थात पेâस बुक, ट्विटर, वॉट्स एप का उपयोग कर रहा है, जिसके कारण क्रिसमस-डे और आगामी नव वर्ष पर हर साल की तरह ग्रीटिंग कार्ड खदीरना कम हो गया है। अब हर शख्स अपने दोस्त को ई-मेल, पेâस बुक, वॉल, ट्विटर पर फोटो पोस्ट करके नये साल की बधाई दे रहा है। किसी को भी अब ग्रीटिंग कार्ड की दुकानों पर नहीं देखा जा रहा है।
देश भर में ई-कार्ड की मानों, बाढ़ आ गई है, प्रिंटेड कार्ड बाजार को मंदी का सामना करना पड़ रहा है। राजधानियों में जहां भी बड़े कार्ड उत्पादक एवं विव्रेâता मौजूद है, वो सभी इस समस्या से जूझते रहे हैं। उन सभी का मानना है कि अब डिजीटल दुनिया में प्रिंटेड कार्ड का चलन कम हो रहा है। लोग अब फोन पर वाट्सएप में मैसेज भेज कर बधाई संदेश दे रहा है। जिसके कारण डीलर सिर्पâ एंटीक और डिजाइनर कार्ड रखते हैं, जिनकी कीमत ज्यादा होती है।
नये साल पर सेल सिर्पâ सपना-
सोशल साइटों के बढ़ते प्रचलन से कार्ड और पेपर वक्र्स से जुड़े १० हजार से अधिक उत्पादक एवं विव्रेâता मानते हैं कि नया साल, जन्मदिन, स्वतंत्रता दिवस गणतंत्र दिवस जैसे अवसरों पर दुकान पर आने वाली भीड़ अब सिर्पâ सपना मात्र हो गई है। दिल्ली वेडिंग एंड ग्रीटिंग काड्र्स एसोसिएशन के अनुसार क्रिसमस और न्यू इयर का बाजार तो लगभग खत्म होता दिख रहा है।