द एक्सीडेंटल प्राइम मिनिस्टर


आजकल एक फ़िल्म बड़ी चर्चा में है। वैसे हिंदुस्तान में फिल्मों और विवाद का चोली दामन का साथ है।
Photo/Loktej
आजकल एक फ़िल्म बड़ी चर्चा में है। वैसे हिंदुस्तान में फिल्मों और विवाद का चोली दामन का साथ है। कई फिल्मकार जानबूझकर थोड़ा विवादस्पद डाल ही देते है जिससे उनकी प्रसिद्धि हो जाये । जिन जिन फिल्मों का विरोध हुआ है उन सभी फिल्मों ने रिकॉर्ड बिजनेस भी किया है।
लेकिन आजकल जिस फ़िल्म की चर्चा है उस फिल्म के लिए दो प्रमुख पार्टीया आमने सामने है। विश्व के सबसे बड़े राजनैतिक दल भाजपा ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर इसके ट्रेलर को शेयर किया है।
आपको जानकारी दे दू कि‘ द एक्सीडेंटल प्राइम मिनिस्टर’ फिल्म 11 जनवरी में रिलीज होने जा रही है। यह फिल्म एक ही साथ हिंदी, अंग्रेजी, तमिल और तेलुगु भाषाओं में रिलीज होगी। इस फिल्म में अभिनेता अनुपम खेर पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का किरदार निभा रहे हैं।  फिल्म की कहानी संजय बारू की इसी नाम से लिखी गई किताब पर आधारित है।
कांग्रेस सांसद पीएल पुनिया ने अपने वक्तव्य में कहा कि यह बीजेपी का गेम है। उनको (बीजेपी) पता है कि पांच साल पूरे होने वाले हैं, लेकिन जनता को दिखाने के लिए कुछ नहीं है इसलिए अब वह ध्यान भटकाने के लिए इस तरह की तरकीबें अपना रहे हैं।
वहीं सूचना एवं प्रसारण मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने बीजेपी की ओर से शेयर की गए इस ट्रेलर पर कांग्रेस के विरोध पर कहा कि क्या अब हम फिल्म के लिए शुभकामना भी नहीं दे सकते हैं? कांग्रेस हमेशा से ही आजादी की पक्षधर रही है, लेकिन अब वह क्यों सवाल उठा रही है।
इस बीच जब पत्रकारों ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से उनकी प्रतिक्रिया जाननी चाही तो उन्होंने कुछ भी प्रतिक्रिया न देकर चुप्पी साध ली।
वैसे देखा जाए तो उनके प्रधानमंत्री काल मे विश्व आर्थिक समस्याओं से झूझ रहा था । उस समय उन्होंने भारत की अर्थव्यवस्था को एक हद तक संभालने का कार्य किया था लेकिन उनके कार्यकाल को घोटालो वाला कार्यकाल लोग मानते है। लेकिन हकीकत यह भी है कि इस पूरे सिलसिले वो बिल्कुल बेदाग रहे।
उनके सन्दर्भ में बनी फिल्म राजनैतिक गलियारे में गर्मी लाने के लिए पर्याप्त है।
सर्व आश्रयदात्री भारत माता की जय