अटल जी की सरकार दुबारा आती, तो यह पुल 10 साल पहले बन गया होता: पीएम मोदी


पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती के अवसर पर मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को सबसे लंबा रेलवे-रोड पुल समर्पित किया।
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कांग्रेस सरकार ने 10 सालों के शासनकाल के दौरान इस प्रोजेक्ट पर ध्यान नहीं दिया

नई दिल्ली । पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती के अवसर पर मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को सबसे लंबा रेलवे-रोड पुल समर्पित किया। इस पुल की मदद से असम और अरुणाचल प्रदेश की दूरी कम हो गई है, ये पुल असम के डिब्रूगढ़ में ब्रह्मपुत्र नदी के दक्षिण तट को धेमाजी जिले से जोड़ता है। इससे ही सटा अरुणाचल का सिलापत्थर भी है। इस पुल को चीन के लिहाज से भी काफी अहम माना जा रहा है। मंगलवार को पुल का उद्घाटन करने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रैली को संबोधित करते हुए कहा कि आज देश अटल बिहारी वाजपेयी का जन्मदिन सुशासन दिवस के रूप में मना रहा है। उन्होंने कहा कि आज केंद्र की सरकार सबका साथ-सबका विकास के मंत्र के साथ आगे बढ़ रही है और देश में सुशासन ला रही है। प्रधानमंत्री ने कहा कि ये देश का पहला पूरी तरह स्टील से बना पुल है। इस पर एक साथ गाड़ियां और ट्रेन इस पर दौड़ेंगी और देश की सामरिक शक्ति को ताकत मिलेगी।

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प्रधानमंत्री ने कहा कि इस पुल की मदद से लोगों का सफर आसान होगा और असम के लिए ये एक लाइफलाइन के तौर पर काम करेगा। आजादी के बाद ब्रह्मपुत्र में 70 साल में कुल 3 ब्रिज बने और पिछले चार साल में ही ब्रह्मपुत्र के ऊपर तीन ब्रिज बना दिए हैं, जबकि नए पुलों पर भी काम चल रहा है। पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि इस पुल का निर्माण अटल जी के कारण शुरू हो पाया, 2004 में जब उनकी सरकार के जाने के बाद प्रोजेक्ट को रोक दिया गया। अगर अटल जी की सरकार को अवसर मिलता तो 2007-08 तक ये पुल पूरा हो जाता, यूपीए की सरकार जो केंद्र में रही लेकिन पुल पर ध्यान नहीं दिया। 2014 में जब हमारी सरकार आई तो उसके बाद से ही नॉर्थ ईस्ट पर विशेष ध्यान दिया गया है। 2014 से पहले हर साल करीब 100 किलोमीटर सड़कें बनती थी, लेकिन जब से उनकी सरकार आई है तभी से हर साल 350 किलोमीटर सड़कें बन रही हैं। प्रधानमंत्री मोदी बोले कि उज्जवला योजना के तहत करीब 24 लाख मुफ्त गैस के कनेक्शन असम गरीब बहनों को दिए जा चुके हैं। जिसका परिणाम है कि असम में साढ़े 4 वर्ष पहले तक जहां करीब 40 प्रतिशत घरों में गैस सिलेंडर था, वहीं आज ये दायरा दोगुना, करीब 80 प्रतिशत हो चुका है। उन्होंने कहा कि सौभाग्य योजना के तहत बीते एक वर्ष में ही असम के 12 लाख से अधिक परिवारों को मुफ्त बिजली कनेक्शन दिया गया है। जिससे असम में बिजलीकरण का दायरा करीब 50 प्रतिशत से बढ़कर करीब 90 प्रतिशत हो चुका है।

इस रैली में कांग्रेस पर निशाना साधते हुए पीएम ने कहा कि चार साल पहले कोई नहीं सोच सकता था कि हेलिकॉप्टर घोटाले का सबसे बड़ा राजदार जेल में होगा। आज हमारे कार्यकाल में वह जेल में आ गया है, पिछली सरकार ने जो पैसे बांटे थे उसमें से करीब 3 लाख करोड़ रुपये हम वापस ला चुके हैं।

यह पुल सेना के लिए होगा बहुत ही मददगार

इस पुल को अरुणाचल प्रदेश से सटे बॉर्डर पर चीन की चुनौती का जवाब माना जा रहा है। सेना की जरूरतों के लिहाज से ये पुल काफी अहम है, इस पुल पर सेना के भारी टैंक भी आसानी से ले जाया जा सकता है। पुल के निचले हिस्से में 2 रेलवे लाइनें बिछाई गई हैं और ऊपर 3 लेन की सड़क बनी है।

– ईएमएस