देवगौड़ा-मायावती ने मिलाया हाथ, बढ़ेगी भाजपा -कांग्रेस की परेशानी?


17 फरवरी से शुरु होगा चुनाव प्रचार

बंगलुरु (ईएमएस)। आने वाले दिनों में होने वाले कर्नाटक विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को मात देने के लिए जनता दल (एस) और बीएसपी ने एक साथ उतरने का फैसला किया है। गुरुवार को इसके मद्देनजर बीएसपी सुप्रीमो मायावती और एचडी देवगौड़ा ने गठबंधन किया है। इसके लिए बाकायदा दोनों नेताओं ने एग्रीमेंट पेपर पर हस्ताक्षर किए। साल 2013 में कर्नाटक में हुए विधानसभा चुनाव में जेडीएस को 40 सीटों पर जीत मिली थी,जबकि बीएसपी अपना खाता भी नहीं खोल सकी थी। जनता दल (एस) नेता दानिश अली ने कहा,’मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि बीएसपी ने पहली बार राजनीतिक गठबंधन जनता दल (एस) के साथ करने का फैसला किया है। हम मिलकर कर्नाटक विधानसभा चुनाव मैदान में उतर रहे है। 17 फरवरी को बंगलौर से साझा चुनाव अभियान की शुरुआत होगी। मायावती और देवेगौड़ा एक मंच पर आकर कांग्रेस और भाजपा को सत्ता से बाहर करने का काम करेंगे।
बीएसपी महासचिव सतीश मिश्र और जनता दल (एस) नेता दानिश ने गुरुवार को संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में यह भी कहा कि दोनों दल आगामी लोकसभा चुनाव में भी एक साथ उतरने की तैयारी में है। उन्होंने कहा कि अप्रैल में कर्नाटक में होने वाले विधानसभा चुनाव में दोनों पार्टियां एक साथ मैदान में उतरेंगी। उन्होंने कहा कि इस गठबंधन के तहत राज्य की 224 सीटों में से मायावती की बीएसपी 20 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेगी। राज्य की बाकी 204 सीटों पर जनता दल (एस) अपने उम्मीदवार उतरेगी। कर्नाटक में गठबंधन की ओर से मुख्यमंत्री का चेहरा जनता दल (एस) के एचडी कुमारस्वामी का नाम तय किया गया है। वह पहले भी कर्नाटक के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। हालांकि अभी कर्नाटक चुनाव में बीजेपी और कांग्रेस के बीच टक्कर दिखाई दे रही है। दोनों एक-दूसरे पर किसी न किसी मामले को लेकर आरोप लगा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बीच कड़वे बोल पहले ही शुरू हो गए हैं।
चुनाव के प्रचार के लिए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी तीन दिन के दौरे पर कर्नाटक जाएंगे। 10 से 13 फरवरी के बीच अपने दौरे के दौरान राहुल बेल्लारी,कोप्पल,रायचूर,यादगीर,गुलबर्गा और बिदार की यात्रा करने की तैयारी में है। गठबंधन को लेकर बीएसपी के महासचिव सतीश चंद्र मिश्रा का कहना है कि बीएसपी जेडीएस के साथ मिलकर चुनाव लड़ेगी। हम 17 फरवरी को बंगलुरु से अपना अभियान शुरू करेंगे। इससे पहले साल 2013 में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस को 224 सीटों में से 122 सीटों पर जीत मिली थी। वहीं,बीजेपी और जेडीएस को 40-40 सीटें मिली थीं। बीएसपी ने भी चुनाव लड़ा था,लेकिन वह राज्य में अपना खाता खोलने में नाकाम रही थी।